"हम हई जेठानी" ट्रेलर रिव्यू: प्यार के आँगन में लालच का 'चक्रव्यूह'
भोजपुरी सिनेमा के दीवानों के लिए एक ज़बरदस्त ख़बर है। भोजपुरी क्वीन रानी चटर्जी (Rani Chatterjee) अपनी नई फिल्म "हम हई जेठानी" (HUM HAIEN JETHANI) लेकर आ रही हैं, जिसका धमाकेदार ट्रेलर B4U भोजपुरी चैनल पर रिलीज़ हो चुका है। ट्रेलर यहाँ से देखे
अगर आप सोच रहे हैं कि यह एक और आम पारिवारिक फिल्म होगी, तो आप गलत हैं। जी हाँ, ट्रेलर की शुरुआत एक हँसते-खेलते परिवार से होती है, लेकिन चंद सेकंड में ही यह ट्रेलर आपको रिश्तों के एक ऐसे जाल में फँसा देगा, जहाँ प्यार के मुखौटे के पीछे लालच और साज़िश का घिनौना खेल चल रहा है।
ट्रेलर हमें मिलाता है फिल्म की मुख्य किरदार 'कात्यायनी' (रानी चटर्जी) से, जो इस घर की बड़ी बहू, यानी 'जेठानी' हैं। कात्यायनी की एक ही टीस है कि उसकी अपनी कोई औलाद नहीं है। जैसा कि ट्रेलर में वो खुद कहती हैं, "भगवान भले ही हमरा की औलाद ना दे लेकिन इ परिवार हमने के परिवार के आधार भी बानी और श्रृंगार भी बानी" ।
वह अपने देवर-देवरानी (ख़ुशी झा, सोनाली मिश्रा) और उनके बच्चों को ही अपना सब कुछ मानती है । पूरा परिवार उसकी सेवा में लगा रहता है, जिससे कात्यायनी को लगता है कि वह दुनिया की सबसे खुशनसीब जेठानी है।
कहानी का असली 'पंच': जब अपने ही निकले 'गिरगिट'
मज़ा तो तब शुरू होता है जब पता चलता है कि यह सब सेवा और प्यार सिर्फ़ एक दिखावा है। असली खेल तो 'संपत्ति' का है ! देवर और देवरानियाँ, जो कात्यायनी के आगे-पीछे घूमते हैं, असल में उसकी जायदाद हड़पने की फिराक में हैं।
ट्रेलर में एक डायलॉग है, "ये सब पाटीदार है। आज नहीं तो कल ई हमनी के न होइ " , जो उनके मनसूबों को साफ़ ज़ाहिर कर देता है।
कहानी में सबसे बड़ा ट्विस्ट
साज़िश करने वाले रिश्तेदार घर में अपना हक़ जमाने के लिए एक भतीजे (अयाज़ खान) को भी ले आते हैं । लेकिन कहानी में भूचाल तब आता है, जब सालों बाद ख़ुद कात्यायनी (रानी चटर्जी) प्रेग्नेंट हो जाती है ।
जेठानी के माँ बनने की ख़बर से लालची देवर-देवरानी के पैरों तले ज़मीन खिसक जाती है, क्योंकि उनका सारा प्लान चौपट हो जाता है। और यहीं से शुरू होता है असली घमासान।
रिश्तों का काला सच
जो देवर-देवरानी कल तक जेठानी के क़दमों में बिछे रहते थे, वही 'गिरगिट की तरह रंग' बदलते हैं और अपनी ही जेठानी के अजन्मे बच्चे के दुश्मन बन जाते हैं। ट्रेलर में एक खौफनाक डायलॉग सुनने को मिलता है, "ओकरा के पैदा होते ही मार दिया होता " ।
अब सवाल यह उठता है कि क्या कात्यायनी अपनी ममता और अपनी संपत्ति को इन लालची रिश्तेदारों से बचा पाएगी? क्या वह अपने घर में चल रही इस साज़िश को बेनकाब कर पाएगी?
फ़िल्म की दमदार टीम
इस फिल्म को एक दमदार कहानी और स्टारकास्ट का साथ मिला है।
कलाकार: रानी चटर्जी, ख़ुशी झा, सोनाली मिश्रा, अयाज़ खान, प्रेम दुबे, रितेश उपाध्याय, गोलू तिवारी, रागिनी यादव, लोटा तिवारी, प्रकाश जैस
बाल कलाकार: हर्ष राज, आदर्श गोयल
निर्देशक: अनिल नैनन
लेखक: अरबिंद तिवारी
निर्माता: संदीप सिंह, नीलाभ तिवारी
संगीतकार: ओम झा
क्या कहती है जनता?
यह ट्रेलर दर्शकों को भावुक कर रहा है। जैसा कि इंटरनेट पर एक दर्शक ने लिखा, "हर परिवार में ऐसा ही होता है, रिश्ते संपत्ति के लालची और दिखावट के हो चुके हैं।" यह फिल्म आज के समाज की कड़वी सच्चाई को बयां करती नज़र आ रही है।
"हम हई जेठानी" सिर्फ एक देवरानी-जेठानी के झगड़े की कहानी नहीं है। यह एक ऐसी औरत की कहानी है जो अपने परिवार को सब कुछ मानती है, लेकिन वही परिवार उसे संपत्ति के लिए धोखा देता है। यह फिल्म लालच, विश्वासघात और एक माँ के संघर्ष की एक भावुक और दमदार कहानी होने का वादा करती है। रानी चटर्जी का 'जेठानी' के रूप में सशक्त अभिनय और रिश्तों का यह चक्रव्यूह आपको ज़रूर पसंद आएगा ।
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