संचिता बनर्जी: भोजपुरी सिनेमा की चमकती सितारा
भोजपुरी सिनेमा की दुनिया में संचिता बनर्जी एक ऐसा नाम है, जो अपनी खूबसूरती, मेहनत और अभिनय से हर किसी का दिल जीत चुका है। उनकी जिंदगी की कहानी किसी प्रेरणा से कम नहीं है—एक साधारण परिवार से निकलकर फिल्मी दुनिया में अपनी पहचान बनाना आसान नहीं था। उनके जन्म से लेकर आज तक की यात्रा को। यह जीवनी हिंदी में लिखी गई है, आप इसे आसानी से समझ सकें और उनके संघर्षों व सपनों से जुड़ सकें।
जन्म और शुरुआती जीवन
संचिता बनर्जी का जन्म 23 मार्च 1994 को कोलकाता, पश्चिम बंगाल में हुआ था। उनका परिवार एक मध्यमवर्गीय बंगाली परिवार है। उनके पिता श्यामल बनर्जी एक छोटे व्यवसायी हैं, जबकि उनकी मां सुप्रा बनर्जी एक गृहिणी हैं। संचिता का एक छोटा भाई भी है, जिसका नाम जॉय बनर्जी है, जो एनीमेशन के क्षेत्र में काम करता है।
बचपन से ही संचिता को नृत्य और अभिनय का शौक था। स्कूल के दिनों में वह नाटकों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेती थीं। उनके परिवार ने हमेशा उनके सपनों को पूरा करने में उनका साथ दिया। संचिता ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा कोलकाता के एक स्थानीय स्कूल से पूरी की और फिर कोलकाता विश्वविद्यालय से स्नातक की डिग्री हासिल की। इसके बाद, उन्होंने अभिनय में करियर बनाने के लिए मुंबई के किशोर नमित कपूर एक्टिंग इंस्टीट्यूट से अभिनय की ट्रेनिंग ली।
करियर की शुरुआत
संचिता ने अपने करियर की शुरुआत टेलीविजन से की। उन्होंने चैनल वी के लोकप्रिय शो "दिल दोस्ती डांस" में एक डॉक्टर की छोटी भूमिका निभाई। यह शो युवाओं के बीच काफी पसंद किया गया और संचिता को पहली बार दर्शकों ने नोटिस किया। इसके बाद, उन्होंने कुछ विज्ञापनों में भी काम किया, जिससे उनका आत्मविश्वास बढ़ा।
हालांकि, संचिता का असली सपना फिल्मों में काम करना था। साल 2017 में उन्होंने हिंदी फिल्म "रक्तधर" से बॉलीवुड में डेब्यू किया। यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर ज्यादा कमाल नहीं दिखा पाई, लेकिन संचिता ने हिम्मत नहीं हारी। उसी साल, उन्होंने भोजपुरी सिनेमा में कदम रखा और फिल्म "निरहुआ हिंदुस्तानी 2" में मुख्य अभिनेत्री की भूमिका निभाई। इस फिल्म में उनके साथ भोजपुरी के सुपरस्टार दिनेश लाल यादव 'निरहुआ' और आम्रपाली दुबे थे। फिल्म सुपरहिट रही और संचिता रातों-रात भोजपुरी सिनेमा की नई सनसनी बन गईं।
भोजपुरी सिनेमा में शोहरत
"निरहुआ हिंदुस्तानी 2" की सफलता ने संचिता बनर्जी को भोजपुरी सिनेमा में एक मजबूत पहचान दिलाई। उनकी खूबसूरती, नृत्य और सहज अभिनय ने दर्शकों का दिल जीत लिया। इसके बाद, उन्होंने एक के बाद एक कई हिट फिल्में दीं। उनकी कुछ प्रमुख फिल्में इस प्रकार हैं:
क्रैक फाइटर (2019): इस फिल्म में संचिता ने पवन सिंह के साथ काम किया। फिल्म में एक्शन और रोमांस का शानदार मिश्रण था, जिसे दर्शकों ने खूब पसंद किया।
विवाह (2019): इस फिल्म में उनके अपोजिट प्रदीप पांडे 'चिंटू' थे। यह एक पारिवारिक ड्रामा था, जो बॉक्स ऑफिस पर सफल रहा।
माई बाबूजी के आशीर्वाद (2021): इस फिल्म ने संचिता की बहुमुखी प्रतिभा को दिखाया और दर्शकों से खूब तारीफ बटोरी।
भारत भाग्य विधाता (2023): उनकी हालिया रिलीज फिल्मों में से एक, जिसने उनकी लोकप्रियता को और बढ़ाया।
संचिता ने सिर्फ फिल्मों में ही नहीं, बल्कि भोजपुरी टेलीविजन में भी अपनी छाप छोड़ी। उन्होंने धारावाहिक "रक्षाबंधन... रसाल अपने भाई की ढाल" में अभिनय किया, जिससे उनकी फैन फॉलोइंग और बढ़ी।
फिल्में:
कटक-द सिल्वर सिटी (2012, ओडिया)
रक्तधार (2017, हिंदी)
निरहुआ हिंदुस्तानी 2 (2017, भोजपुरी)
क्रैक फाइटर (2019, भोजपुरी)
विवाह (2019, भोजपुरी)
हम हैं राही प्यार के 2 (2020, भोजपुरी)
शिकारी (2021, भोजपुरी)
मई बाबूजी के आशीर्वाद (2021, भोजपुरी)
कोख (2024, भोजपुरी)
पैसे वाली बहू (2025, भोजपुरी)
टीवी सीरियल्स:
रक्षाबंधन... रासल अपने भाई की ढाल (2021)
नंदिनी (2022)
सासू जी तूने कदर न जानी (2023)
जग कल्याणी पटन देवी माँ (2023)
बड़े घर की बहू (2024)
कभी खुशी कभी गम (2024)
भाभी जी घर पे हैं (2024)
सौतन (2024)
सास बहू का प्यार लाल मिर्च का अचार (2025)
व्यक्तिगत जीवन
संचिता बनर्जी की निजी जिंदगी भी उतनी ही दिलचस्प है, जितना उनका करियर। वह सोशल मीडिया पर बहुत सक्रिय रहती हैं और अपने फैंस के साथ अपनी जिंदगी के खास पल साझा करती हैं। उन्हें यात्रा करना, नृत्य करना, और नए-नए व्यंजन आजमाना पसंद है। वह एक फिटनेस फ्रीक भी हैं और रोजाना जिम में वर्कआउट करती हैं।
उनके प्रेम जीवन को लेकर ज्यादा जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन कुछ खबरों के मुताबिक, वह रुहान साप्रू के साथ रिलेशनशिप में हैं। संचिता ने अपने इंस्टाग्राम पर रुहान के साथ कुछ तस्वीरें शेयर की हैं, जिसमें दोनों की केमिस्ट्री साफ झलकती है। हालांकि, उन्होंने अभी तक अपने रिश्ते को आधिकारिक तौर पर कबूल नहीं किया है।
संघर्ष और चुनौतियां
संचिता बनर्जी की जिंदगी में सफलता आसानी से नहीं आई। बॉलीवुड में उनकी पहली फिल्म फ्लॉप रही और उन्हें कई बार रिजेक्शन का सामना करना पड़ा। एक इंटरव्यू में उन्होंने बताया कि उन्हें कास्टिंग काउच जैसी मुश्किलों से भी गुजरना पड़ा, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। भोजपुरी सिनेमा में आने के बाद भी शुरुआत में उन्हें भाषा और संस्कृति को समझने में दिक्कत हुई, लेकिन अपनी मेहनत और लगन से उन्होंने इसे भी पार कर लिया।
उनके लिए सबसे बड़ी चुनौती थी खुद को साबित करना। एक बंगाली लड़की के लिए भोजपुरी सिनेमा में अपनी जगह बनाना आसान नहीं था, लेकिन संचिता ने अपने अभिनय से सभी को प्रभावित किया।
पुरस्कार और सम्मान

संचिता बनर्जी को 2024 में 2 सब रंग फिल्म अवार्ड मिला सास भी कभी बहु थी फिल्म के लिए , और इसी फिल्म के लिए ग्रीन सिनेमा अवार्ड 2024 भी मिला। उनकी फिल्मों की सफलता और दर्शकों का प्यार उनके लिए सबसे बड़ा सम्मान है। भोजपुरी सिनेमा में उनकी लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है और आने वाले समय में उन्हें कई और अवॉर्ड्स मिलने की उम्मीद है।
वर्तमान और भविष्य की योजनाएं
आज की तारीख में संचिता बनर्जी भोजपुरी सिनेमा की एक व्यस्त अभिनेत्री हैं। वह कई नई फिल्मों में काम कर रही हैं, जिनमें शामिल हैं:
बड़े घर की बहू: इस फिल्म की शूटिंग हाल ही में शुरू हुई है।
भाभीजी घर पर हैं: एक पारिवारिक ड्रामा, जिसमें वह गौरव झा के साथ नजर आएंगी।
वैष्णवी: इस फिल्म की शूटिंग जौनपुर में चल रही है।
पैसे वाली बहू: ट्रेलर आ गया है , फिल्म आने वाली है
सास बहू का प्यार लाल मिर्च का अचार:
इसके अलावा, संचिता अब वेब सीरीज और अन्य भाषाओं की फिल्मों में भी हाथ आजमाना चाहती हैं। उन्होंने हाल ही में एक वेब सीरीज "द पेपर ट्रेल" की घोषणा की है, जिसका उनके फैंस को बेसब्री से इंतजार है।
संचिता बनर्जी की जिंदगी एक ऐसी कहानी है, जो हर किसी को प्रेरित करती है। कोलकाता की गलियों से निकलकर भोजपुरी सिनेमा की चमकती सितारा बनने तक का उनका सफर मेहनत, लगन और हिम्मत से भरा हुआ है। उनकी खूबसूरती और अभिनय ने उन्हें दर्शकों का चहेता बना दिया है। हम उम्मीद करते हैं कि आने वाले समय में वह और भी ऊंचाइयों को छूएंगी और अपने फैंस को मनोरंजन का नया अनुभव देंगी।
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